• globalnewsnetin

वेदांता के तीन नंदघरों को मिले आईएसओ सर्टिफिकेट


चंडीगढ, (अदिति) : वेदांता समूह के सामुदायिक विकास कार्यक्रम के अंतर्गत संचालित फ्लैगशिप परियोजना ‘नंदघर’ के तीन केंद्रों ने प्रतिष्ठित आई.एस.ओ. 9001-2015 सर्टिफिकेट प्राप्त किए। तीनों ही नंदघर ओडीशा के कालाहांडी जिले में स्थित हैं। नंदघरों ने यह सर्टिफिकेट बाल शिक्षा, मातृ-शिशु स्वास्थ्य की देखभाल एवं पोषण में सुधार तथा महिलाओं की आजीविका के लिए सतत कौशल उन्नयन आदि क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्यों के लिए प्राप्त किए। आईएसओ सर्टिफिकेट पाने वाले नंदघर लांजीगढ़ विकासखंड के ग्राम बसंतापाड़ा, कंसारी और केंदूबर्डी में स्थित हैं। नंदघरों को सर्टिफिकेट तीन वर्षों के लिए जारी किए गए हैं।

कालाहांडी के कलेक्टर डॉ. पराग हर्षद गवली ने अपने ट्वीट में कहा है कि जिले के पांच आंगनबाड़ी केंद्रों (तीन नंदघरों) ने आई.एस.ओ. सर्टिफिकेट हासिल किए हैं। सकारात्मक परिवर्तन की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। योजना 100 फीसदी आई.एस.ओ. सर्टिफिकेट प्राप्त करने की है। इसका श्रेय डब्ल्यू एंड सीडी ब्लॉक, वेदांता नंदघर टीम और केपीएमजी को जाता है।

इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ कॉरपोरेट अफेयर्स के पूर्व महानिदेशक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. भास्कर चटर्जी ने वेदांता के कार्यों की सराहना की है।

नंदघर परियोजना देश के ग्रामीण क्षेत्रों में जरूरतमंद माताओं और बच्चों के लाभ के लिए संचालित है। वेदांता समूह और महिला एवं बाल विकास मंत्रालय द्वारा संयुक्त रूप से संचालित परियोजना का उद्देश्य भारत के ग्रामीण पिछड़े इलाकों को देश के विकास की मुख्यधारा से जोडऩा है। देश के प्रधानमंत्री की दृष्टि के अनुरूप यह परियोजना बाल कुपोषण के उन्मूलन, शिक्षा और स्वास्थ्य की उपलब्धता, महिलाओं के कौशल उन्नयन और सशक्तिकरण के लिए समर्पित है।

वैश्विक महामारी कोविड-19 के असर को देखते हुए नंदघरों में हाल ही में ई-लर्निंग मॉड्यूल शुरू किया गया है। इससे उत्तर प्रदेश, राजस्थान और ओडीशा के ग्रामीण क्षेत्रों के नंदघरों को लाभ मिल रहा है। ग्राम बसंतापाड़ा के नंदघर को ग्रामीण महिलाओं के लिए क्वारेंटाइन सेंटर के तौर पर भी इस्तेमाल किया गया।

 Global Newsletter

  • Facebook
  • social-01-512
  • Twitter
  • LinkedIn
  • YouTube