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5 ग्रही योग बदलेगा देश की दिशा और दशा-मदन गुप्ता सपाटू


देश में 5 राज्यों में चुनाव हैं ओैर 27 फरवरी के आसपास आकाश में भी 5 ग्रह, मकर राशि में आकर, देश की दशा और दिशा बदलने में निर्णायक सिद्ध होंगे।

आपको याद होगा 1962 में 8 ग्रह अर्थात अष्टग्रही का योग बना था और चीन ने भारत पर हमला किया था। जब भी कुछ ग्रह विशेष राशि में एक साथ आ जाते हैं तो देश ,काल पात्र के अनुसार कुछ परिवर्तन अवश्य आते हैं। अक्सर सीमा विवाद होते हैं। इन दिनों ये पंचग्रही योग रुस और युक्रेन के मध्य सीमा विवाद बढ़ाएंगे। युद्ध 1962 में भी हुआ था और 2022 मंे भी हो रहा है। तब भी अंतर्राष्ट््र्ीय मसला बना था। आज भी बना है।

ज्योतिष शास्त्र ,ऐसी खगोलीय घटनाओं का जन जीवन पर अपेक्षित प्रभावों तथा बदलाव का विवेचन करता है। भारत मंे हो रहे चुनावों के अप्रत्याशित परिणाम आएंगे। कुछ सत्तारुढ़ होंगे कुछ सत्ता खो बैठेंगे।

ये पंचग्रही योग 27 फरवरी से 10 मार्च तक प्रभावी रहेगा और इसी मध्य इलैक्शन के परिणाम भी आ जाएंगे। इन दिनों काल सर्प योग भी प्रभावी रहेगा जो अप्रत्याशित घटनाओं का द्योतक है।

यदि मोटे तोैर पर देखें तो 5 ग्रहों का मकर राशि में बना जमघट 5 राशि के लोगों के लिए जीवन में अच्छा परिवर्तन लाएंगे। मेष, बृष ,कर्क, तुला, मकर राशि वालों को चुनावों का लाभ मिलेगा। खोई सत्ता प्राप्त होगी या नई सत्ता मिलेगी। इन राशि के छात्र जातकों को शिक्षा, जॉब आदि मंे लाभ मिलेगा। व्यापारियों को अपने व्यवसाय, रियल एस्टेट से जुड़े लोगों का भाग्य खुलेगा यानी रुके प्रापर्टी डील मेच्योर होंगे। जिन लोगों की कुंडली में शुक्र,शनि,बुध,चंद्र तथा मंगल अच्छी पोजीशन में हैं, उनके लिए 5 ग्रही योग किस्मत पलटने वाला योग सिद्ध होगा।

27 फरवरी,2022 को मकर राशि मंे विशेष पंचायत आरंभ होगी। बुध, मंगल व शनि पहले से इस मंे बैठे थे,उसी दिन चंद्रमा भी प्रवेश कर जाएंगे और शुक्र भी आ जाएंगे। इसलिए 5 राज्यों के चुनावी नतीजे इन 5 ग्रहों से प्रभावित रहेंगे। चुनाव के परिणाम 10 मार्च को अपेक्षित हैं। तीन ग्रह -शुक्र, मंगल और शनि मकर राशि मंे औेर दो ग्रह बुध व गुरु कंुंभ राशि में रहेंगे। मकर तथा कुंभ राशियां, शनि ग्रह से संचालित हैं। जिनकी कुंडली में शनि उच्च या कारक ग्रह हैं, उनके लिए इलैक्शन के रिजल्ट किस्मत पलट साबित होंगे।

जिनके जन्मांग में पूर्ण कालसर्प योग है, उनका भाग्य भी बदलने वाला है। अर्श से फर्श पर ओेैर फर्श से अर्श तक की पोजीशन बनेगी अर्थात अचानक सरकार का फायदा मिल सकता है। जो सोचा वो होगा नहीं, जिसे नहीं सोचा वह अचानक हो जाएगा। यही है कालसर्प योग का कमाल।

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